Close Menu
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Trending
    • Madhya Pradesh Moves Closer To UCC, Cabinet Approves Draft Legislation
    • Liquor Shop Shifted Near Lok Bhavan, Women Take To Streets In Protest
    • Book Review// Innocence At Risk: Protecting Children In The Age Of Algorithms
    • From Bhopal to Mountain View: Bhopal Youth’s Silicon Valley Leap
    • Datia By-election: Why BJP Workers See Conspiracy In Denial Of Ticket To Narottam Mishra
    • Public Health Experts, Professionals and Workers Join Hand to Oppose Govt’s Move To Privatise 18 CHCs
    • Hilarious Tweet War Ensues on Sunday After Kejriwal Asks Nitin Nabin, “Who Are You?”
    • SRS Bulletin Shows Major Inequalities Across States, Say Public Health Experts
    Facebook X (Twitter) Instagram YouTube WhatsApp
    Sun TodaySun Today
    • Home
    • Top Story
    • Politics
    • Governance
    • Corporate
    • Interview
    • Opinion
    • Blog
    • More
      • National
      • International
      • Best Practices
      • Lifestyle
      • Video
      • Crime
    • हिंदी
    Sun TodaySun Today
    Home » अभ्युदय मध्य प्रदेश क्विज़: डॉ मोहन यादव के क्विज में चौहान का नाम क्यों और उमा भारती क्यों नहीं?
    Madhya Pradesh

    अभ्युदय मध्य प्रदेश क्विज़: डॉ मोहन यादव के क्विज में चौहान का नाम क्यों और उमा भारती क्यों नहीं?

    Ranjan SrivastavaBy Ranjan SrivastavaDecember 16, 2025Updated:December 17, 2025No Comments140 Views4 Mins Read
    The Quiz
    इस क्विज़ में मुख्य रूप से वही प्रश्न शामिल हैं जिनका संबंध डॉ. मोहन यादव के वर्तमान कार्यकाल की उपलब्धियों से है. यह क्विज़ सरकार द्वारा जारी किया गया है, इसलिए इसमें वर्तमान मुख्यमंत्री की नीतियों एवं उपलब्धियों को प्रमुखता दी गई है. इसमें कुछ भी गलत नहीं है पर इस क्विज़ में पूर्व मुख्यमंत्रियों के नाम विशेषकर चौहान का नाम देने से अनावश्यक विवाद खड़ा हो सकता है कि डॉ. मोहन यादव के सामने चौहान को खड़ा करने की क्यों कोशिश की गई और क्या इस क्विज़ में वे उपलब्धियां शामिल हैं जो चौहान के समय हासिल की गई थीं? अगर नहीं तो इस क्विज में चौहान का नाम डालने का औचित्य क्या है?
    –एक भाजपा नेता
    भोपाल: मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के वर्तमान कार्यकाल के 2 वर्ष पूरे होने पर उनके नाम से जारी किया गया क्विज़ विवाद को जन्म दे सकता है.

    मध्य प्रदेश शासन के संस्कृति विभाग एवं जनसंपर्क विभाग द्वारा जारी यह क्विज़ – “डॉ. मोहन यादव का अभ्युदय मध्य प्रदेश क्विज़” – 16 दिसंबर को अखबारों में छपा. इसमें कुल 33 प्रश्न हैं, जिनमें से कम से कम 3 प्रश्न ऐसे हैं जिनके विकल्पों में वर्तमान मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के साथ पूर्व मुख्यमंत्रियों के नाम हैं. ये पूर्व मुख्यमंत्री हैं:

    • शिवराज सिंह चौहान
    • कमल नाथ
    • बाबूलाल गौर
    • दिग्विजय सिंह

    यह बताने की जरूरत नहीं कि इन तीनों प्रश्नों का सही उत्तर स्पष्ट रूप से क्या होगा जब विकल्प में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव का नाम है. जब यह प्रश्नोत्तरी मुख्यमंत्री के वर्तमान कार्यकाल के दो वर्ष पूरा करने के बाद जारी हुई है तो जवाब देने में सामान्य समझ क्या होनी चाहिए इसको समझना मुश्किल नहीं है.

    रोचक बात यह है कि विकल्पों में पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह का नाम तो शामिल है, लेकिन वर्ष 2003 में दिग्विजय सिंह को हटाकर मुख्यमंत्री बनीं उमा भारती का नाम किसी भी प्रश्न में विकल्प के रूप में उल्लेखित नहीं है.

    प्रश्न एवं उनके विकल्प:

    1. प्रश्न: मध्य प्रदेश, राजस्थान, उत्तर प्रदेश एवं महाराष्ट्र की नदियों को जोड़ने में भारत के किस मुख्यमंत्री को “न्यू वॉटरमैन ऑफ इंडिया” एवं “आधुनिक भागीरथ” के रूप में पहचाना जा रहा है?
      विकल्प:
      a. दिग्विजय सिंह
      b. शिवराज सिंह चौहान
      c. बाबूलाल गौर
      d. डॉ. मोहन यादव 
    2. प्रश्न: डीजे एवं लाउडस्पीकर नियंत्रण के लिए सुप्रीम कोर्ट के आदेश का किस राजनेता ने सख्ती से पालन कराया?
      विकल्प:
      a. डॉ. मोहन यादव
      b. शिवराज सिंह चौहान
      c. दिग्विजय सिंह
      d. कमल नाथ 
    3. प्रश्न: नदियों, तालाबों, जल संरचनाओं एवं जलीय जीवों के संरक्षण पर केंद्रित “जल गंगा संवर्धन अभियान” किस मुख्यमंत्री के कार्यकाल में शुरू हुआ?
      विकल्प:
      a. दिग्विजय सिंह
      b. शिवराज सिंह चौहान
      c. डॉ. मोहन यादव
      d. कमल नाथ 

    क्विज़ के अन्य प्रमुख विषय:

    • पहला प्रश्न नक्सलवाद से संबंधित है: किस जिले में करोड़ों के इनामी नक्सलियों द्वारा सबसे बड़ा आत्मसमर्पण किया गया? हाल ही में सरकार के दावे के अनुसार 42 दिनों में 42 नक्सलियों ने आत्मसमर्पण किया और मध्य प्रदेश अब नक्सल-मुक्त हो चुका है. डॉ. मोहन यादव ने 2 वर्ष पूरे होने की प्रेस कॉन्फ्रेंस में इसे प्रमुख उपलब्धि बताया.
    • अन्य प्रश्नों में शामिल विषय:
      GIS 2025, नए मेडिकल कॉलेज, टाइगर रिजर्व, मुख्यमंत्री का गृह नगर, सिंहस्थ, लाड़ली बहना योजना, वैदिक घड़ी, गीता भवन, पर्यटन एवं धार्मिक पर्यटन आदि.

    क्विज़ में भाग लेने के लिए क्यूआर कोड भी दिया गया है तथा विज्ञापन में घोषणा के अनुसार 24 महीने में 24 पुरस्कार उल्लिखित हैं. इसके आगे लिखा है- 24 लैपटॉप, ई-बाइक, ई-स्कूटी. 24 विक्रमादित्य वैदिक घड़ी. मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के साथ हाई टी.

    नाम न लिखने की शर्त पर एक भाजपा नेता ने कहा कि इस क्विज़ में मुख्य रूप से वही प्रश्न शामिल हैं जिनका संबंध डॉ. मोहन यादव के वर्तमान कार्यकाल की उपलब्धियों से है. यह क्विज़ सरकार द्वारा जारी किया गया है, इसलिए इसमें वर्तमान मुख्यमंत्री की नीतियों एवं उपलब्धियों को प्रमुखता दी गई है. इसमें कुछ भी गलत नहीं है पर इस क्विज़ में पूर्व मुख्यमंत्रियों के नाम विशेषकर चौहान का नाम देने से अनावश्यक विवाद खड़ा हो सकता है कि डॉ. मोहन यादव के सामने चौहान को खड़ा करने की क्यों कोशिश की गई और क्या इस क्विज़ में वे उपलब्धियां शामिल हैं जो चौहान के समय हासिल की गई थीं? अगर नहीं तो इस क्विज में चौहान का नाम डालने का औचित्य क्या है?

    एक रिटायर्ड अधिकारी ने कहा कि इन सवालों के पीछे कोई दुर्भावना प्रतीत नहीं हो रही है. सवालों के प्रकार ऐसे हैं कि उसके उत्तर के विकल्पों में तीन पूर्व मुख्यमंत्रियों का नाम देना पड़ा.

    Babulal Gaur Bhopal Chief Minister Digvijaya Singh Dr Mohan Yadav Gwalior Indore Kamal Nath Madhya Pradesh Quiz Shivraj Singh Chouhan Ujjain
    Share. Facebook Twitter LinkedIn Telegram WhatsApp Email
    Previous ArticleNewsmaker: प्रतिज्ञा पटेल अनोखे रिकॉर्ड की राह में
    Next Article सिलावट के लेख में संघ की प्रशंसा- क्या है मायने?
    Avatar photo
    Ranjan Srivastava
    • Facebook
    • X (Twitter)
    • Instagram
    • LinkedIn

    Ranjan Srivastava is a veteran journalist and the Editor of SunToday.in. With over three decades of experience, he previously led the Bhopal bureau for Hindustan Times and has held senior positions at The Times of India and Free Press Journal. Covering Indian politics, governance, and society while based in Bhopal, Madhya Pradesh, he has spent his career pursuing accountability journalism in the public interest. He founded Suntoday.in to create an independent platform that serves readers, not vested interests. [https://www.hindustantimes.com/author/ranjan-101608310456049 is his link about his HT author page to view his news stories in archive of Hindustan Times"]

    Related Posts

    Madhya Pradesh Moves Closer To UCC, Cabinet Approves Draft Legislation

    July 20, 2026

    Liquor Shop Shifted Near Lok Bhavan, Women Take To Streets In Protest

    July 17, 2026

    Book Review// Innocence At Risk: Protecting Children In The Age Of Algorithms

    July 12, 2026
    Leave A Reply Cancel Reply

    © 2026 SUN Today. All Rights Reserved.
    • Home
    • About Us
    • Contact Us
    • Advertise With Us
    • Privacy Policy

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.